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पूर्णिया सड़क हादसा: बरसौनी टोल के पास भीषण टक्कर, ट्रक चालक की मौत, खलासी गंभीर

बरसौनी टोल प्लाजा के समीप सड़क हादसे में चालक की मौत, उपचालक गंभीर

द्वारा रोहन गुप्ताप्रकाशित 22 जून 2026· 2 मिनट पढ़ें
पूर्णिया सड़क हादसा: बरसौनी टोल के पास भीषण टक्कर में ट्रक चालक की मौत, सहायक गंभीर
पूर्णिया सड़क हादसा: बरसौनी टोल के पास भीषण टक्कर में ट्रक चालक की मौत, सहायक गंभीर

मंगलवार शाम एक सामान्य यात्रा उस समय जानलेवा साबित हुई, जब बिहार के पूर्णिया जिले में बरसौनी टोल प्लाजा के पास एक तेज रफ्तार कंटेनर ने खड़े हाईवा ट्रक को जोरदार टक्कर मार दी।

यह हादसा डगरुआ थाना क्षेत्र में हुआ, जिससे स्थानीय ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर में हड़कंप मच गया। घटनास्थल से मिली जानकारी और स्थानीय पुलिस रिपोर्ट के अनुसार, मृतक मुकद्दर हुसैन हाईवा ट्रक चला रहे थे, तभी पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार कंटेनर ने उनके वाहन को इतनी जोर से टक्कर मारी कि हाईवा का केबिन पूरी तरह पिचक गया और हुसैन उसमें फंस गए।

मलबे की गंभीरता के कारण बचाव कार्य में काफी कठिनाई हुई। स्थानीय निवासियों और पुलिस अधिकारियों ने काफी मशक्कत के बाद क्षतिग्रस्त धातु को काटकर पीड़ितों को बाहर निकाला। झारखंड के पाकुड़ जिले के अजना गांव के निवासी हुसैन को पूर्णिया के गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (GMCH) ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।

ट्रक के सहायक शेख उस्मान, जो इस टक्कर में बच गए, अभी भी उसी अस्पताल में गंभीर स्थिति में भर्ती हैं। अधिकारियों को दिए अपने बयान में उस्मान ने बताया कि कंटेनर ने अचानक पीछे से टक्कर मारी, जिससे उन्हें संभलने का मौका तक नहीं मिला। टक्कर इतनी भीषण थी कि केबिन पूरी तरह तबाह हो गया और सवारों को गंभीर चोटें आईं।

पुलिस जांच और आधिकारिक प्रतिक्रिया

डगरुआ की ट्रेनी SDPO और कार्यवाहक SHO दिव्या कुमारी ने मौत की पुष्टि की और बताया कि पोस्टमार्टम समेत कानूनी प्रक्रिया जारी है। पुलिस फिलहाल पोस्टमार्टम और परिजनों को सूचित करने पर ध्यान केंद्रित कर रही है, साथ ही कंटेनर चालक की तलाश में जांच शुरू कर दी गई है।

हिंदुस्तान द्वारा विस्तार से कवर की गई यह दुखद घटना बिहार को पड़ोसी क्षेत्रों, विशेषकर पश्चिम बंगाल की ओर जोड़ने वाले राजमार्गों पर मौजूद खतरों को उजागर करती है। इन मार्गों पर भारी वाहनों की आवाजाही बहुत अधिक होती है, और सुरक्षा प्रोटोकॉल या गति सीमा की अनदेखी अक्सर बड़े हादसों का कारण बनती है।

यह क्यों महत्वपूर्ण है: भारी-परिवहन मार्गों पर सुरक्षा की कमी

यह घटना लंबी दूरी तय करने वाले चालकों की असुरक्षा की एक भयावह याद दिलाती है। बरसौनी टोल प्लाजा के पास का यह हिस्सा ऐसे हादसों का केंद्र बन गया है, जहां अक्सर देर रात तेज रफ्तार के कारण टक्करें होती हैं। लॉजिस्टिक्स और ट्रांसपोर्ट सेक्टर के लिए 'बड़ी तस्वीर' स्पष्ट है: बेहतर सड़क बुनियादी ढांचे के बावजूद, गति सीमा के कड़े प्रवर्तन और चालकों के लिए अनिवार्य आराम के नियमों की कमी लगातार लोगों की जान ले रही है।

जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ रही है, स्थानीय प्रशासन के सामने भारी वाहनों द्वारा लेन अनुशासन और गति के नियमों का पालन सुनिश्चित करने की चुनौती बनी हुई है। फिलहाल, पूरा ध्यान घायल के इलाज और उस कानूनी प्रक्रिया पर है, जिसने एक बार फिर एक परिवार को राजमार्ग की अनिश्चितता के चलते तबाह कर दिया है।

द्वारा रोहन गुप्ता
बिज़नेस संवाददाता

रोहन गुप्ता पॉलिटिकलपीडिया के लिए अर्थव्यवस्था, बाज़ार और कंपनियों को कवर करते हैं।