लखनऊ में भारत ने जीती सीरीज: अफगानिस्तान पर 170 रनों की शानदार जीत
IND vs AFG दूसरा वनडे हाइलाइट्स: भारत ने अफगानिस्तान को 170 रनों से हराया, सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त बनाई
दूसरे वनडे में एक बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए भारतीय बल्लेबाजी क्रम ने 400 रनों का आंकड़ा पार किया और सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त हासिल कर ली।
17 जून को लखनऊ के इकाना स्टेडियम में भारतीय बल्लेबाजों ने नियंत्रित आक्रामकता का शानदार नमूना पेश किया और अफगानिस्तान के गेंदबाजी आक्रमण को ध्वस्त करते हुए 402 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया। टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला करने वाली अफगान टीम के लिए यह दिन बेहद चुनौतीपूर्ण साबित हुआ। शुभमन गिल और ईशान किशन ने पारी की मजबूत नींव रखी, जिससे मेहमान टीम के लिए लक्ष्य का पीछा करना पहली गेंद से ही नामुमकिन सा हो गया।
शुरुआत में ही पस्त हुआ लक्ष्य का पीछा
अफगानिस्तान का 403 रनों के लक्ष्य का पीछा करने का सफर कभी लय में नहीं आ सका। रहमानुल्लाह गुरबाज ने थोड़ी देर के लिए उम्मीद जगाई थी, लेकिन उनका विकेट गिरना मैच का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। भारतीय गेंदबाजों ने सटीक लाइन और लेंथ से दबाव बनाए रखा, जिससे आवश्यक रन रेट लगातार बढ़ता गया। रहमत शाह ने 78 रनों की संघर्षपूर्ण पारी खेलकर स्कोरबोर्ड को चलाए रखा, लेकिन बढ़ता हुआ दबाव मेहमान टीम पर भारी पड़ा।
मैच के निर्णायक पल
मैच का फैसला 45वें ओवर में तब हो गया जब डेब्यू कर रहे प्रिंस यादव की एक तेज शॉर्ट गेंद पर रहमत शाह ने गलत शॉट खेला। डीप फाइन लेग पर तैनात गुरनूर बराड़ ने शानदार डाइव लगाकर कैच लपका और अफगान टीम की आखिरी उम्मीद भी खत्म कर दी। बराड़ ने तीन विकेट चटकाकर भारतीय टीम की गहराई को साबित किया, जिसमें अफगान कप्तान का महत्वपूर्ण विकेट भी शामिल था। वॉशिंगटन सुंदर जैसे खिलाड़ियों की शानदार फील्डिंग ने टीम की उच्च दक्षता को दर्शाया।
यह जीत क्यों मायने रखती है: बड़ी तस्वीर
यह सीरीज जीत भारत के वनडे सेटअप में एक उभरते हुए ट्रेंड की पुष्टि करती है: विपक्षी टीम को खेल की शुरुआत में ही बल्लेबाजी से दबाव में लाना। 400 रनों का आंकड़ा पार करके टीम ने अपनी आक्रामक मानसिकता का परिचय दिया है। चयनकर्ताओं के लिए प्रिंस यादव का उदय और गुरनूर बराड़ की निरंतरता आगामी अंतरराष्ट्रीय कैलेंडर के लिए बेंच स्ट्रेंथ को मजबूत करती है। हालांकि अफगानिस्तान ने व्यक्तिगत चमक दिखाई, लेकिन दोनों टीमों के बीच अनुभव और गहराई का अंतर साफ नजर आया।
170 रनों का जीत का अंतर इस एकतरफा मुकाबले की सही तस्वीर पेश करता है, जिसमें भारत ने खेल के हर चरण में दबदबा बनाए रखा। सीरीज पहले ही अपने नाम करने के बाद, अब ध्यान अंतिम मैच पर है, जहां मेजबान टीम दौरे के समापन से पहले अपनी टीम में कुछ और प्रयोग करना चाहेगी।
अर्जुन मेहता पॉलिटिकलपीडिया के लिए सरकार, नीति और संसद पर रिपोर्ट करते हैं।