जॉर्डन बनाम अर्जेंटीना: क्या मेस्सी अपनी स्वर्गीय लय को विराम देंगे?
2026 विश्व कप के ग्रुप जे का अंतिम मैच: क्या मेस्सी गोल करना जारी रखेंगे?
विश्व कप 2026 के ग्रुप जे में अर्जेंटीना का दबदबा कायम है, लेकिन जॉर्डन के खिलाफ अंतिम मुकाबले से पहले कोच स्कालोनी के फैसले ने चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया है।
अर्जेंटीना के लिए 2026 विश्व कप का सफर अब तक लियोनेल मेस्सी के इर्द-गिर्द ही घूमता रहा है। ग्रुप जे में अर्जेंटीना पहले ही नॉकआउट राउंड में अपनी जगह सुरक्षित कर चुका है, और छह अंकों के साथ तालिका में सबसे ऊपर है। हैरानी की बात यह है कि टीम के सभी पांच गोल मेस्सी के नाम दर्ज हैं। अब, जब टीम जॉर्डन बनाम अर्जेंटीना के मैच के लिए मैदान में उतरेगी, तो सवाल यह नहीं है कि अर्जेंटीना जीतेगा या नहीं, बल्कि यह है कि क्या मेस्सी उस जादुई लय को बरकरार रखेंगे या उन्हें आराम दिया जाएगा।
स्कालोनी की नई रणनीति
कोच लियोनेल स्कालोनी ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि वह नॉकआउट राउंड से पहले अपनी टीम में रोटेशन का विकल्प चुन सकते हैं। पत्रकार गैस्टन एडुल की रिपोर्ट के अनुसार, स्कालोनी मेस्सी को बेंच पर बैठाकर निकोलस ओटामेंडी को कप्तान की जिम्मेदारी सौंपने की योजना बना रहे हैं। यह कदम मेस्सी को तरोताजा रखने और उन खिलाड़ियों को मौका देने के लिए है, जिन्हें अब तक खेलने का पर्याप्त समय नहीं मिला है। अर्जेंटीना का अगला बड़ा लक्ष्य 4 जुलाई को होने वाला 'राउंड ऑफ 32' मैच है, जहां उनका सामना काबो वर्डे की टीम से होगा।
गोल स्कोरर की रेस और समीकरण
मेस्सी फिलहाल विश्व कप के टॉप स्कोरर की सूची में अकेले पांच गोल के साथ शीर्ष पर बने हुए हैं। उनके पीछे फ्रांस के किलियन म्बाप्पे (4 गोल), ब्राजील के विनीसियस जूनियर, नॉर्वे के एर्लिंग हालैंड और उस्मान डेम्बेले की लंबी कतार है। हालांकि म्बाप्पे ने नॉर्वे पर 4-1 की जीत में गोल के बजाय दो असिस्ट देकर अपनी भूमिका बदली है, लेकिन मेस्सी की निरंतरता ने उन्हें इस रेस में सबसे आगे रखा है।
ग्रुप जे के अन्य समीकरणों पर नजर डालें तो अल्जीरिया और ऑस्ट्रिया के बीच होने वाला मुकाबला काफी अहम है। दोनों टीमों के तीन-तीन अंक हैं। यह मैच तय करेगा कि कौन सी टीम सीधे नॉकआउट में पहुंचती है। हालांकि, ड्रॉ होने की स्थिति में दोनों ही टीमें अगले दौर में जा सकती हैं, जिससे ग्रुप का गणित और भी दिलचस्प हो गया है।
क्यों यह मायने रखता है (विश्लेषण)
मेस्सी का इस उम्र में भी विश्व कप के मंच पर इस तरह का व्यक्तिगत दबदबा बनाए रखना फुटबॉल के बदलते व्याकरण को दर्शाता है। जहां टीमें अब 'प्लेयर मैनेजमेंट' और 'लोड मॉनिटरिंग' को प्राथमिकता दे रही हैं, वहीं मेस्सी का खेल यह साबित करता है कि अनुभव और सही लय का मिश्रण अभी भी युवा प्रतिभाओं पर भारी पड़ सकता है। स्कालोनी का उन्हें बेंच करने का फैसला केवल एक रणनीति नहीं, बल्कि टूर्नामेंट के लंबे सफर को देखते हुए एक परिपक्व टीम प्रबंधन का हिस्सा है। अर्जेंटीना के लिए चुनौती अब केवल मैच जीतना नहीं, बल्कि अपने मुख्य खिलाड़ी को नॉकआउट के लिए सुरक्षित रखते हुए टीम की गहराई को परखना है।
Kabir Sharma writes on culture, technology and everyday life for PoliticalPedia.